खिलाड़ियों की मार्गदर्शिका: क्रिकेट पिच की लंबाई-चौड़ाई
क्रिकेट पिच की मानक लंबाई 22 गज यानी 20.12 मीटर और चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। यह आयताकार पिच अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट, घरेलू प्रतियोगिताओं और भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड के मैदानों में बल्ले...
खिलाड़ियों की मार्गदर्शिका: क्रिकेट पिच की लंबाई-चौड़ाई
क्रिकेट पिच की मानक लंबाई 22 गज यानी 20.12 मीटर और चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। यह आयताकार पिच अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट, घरेलू प्रतियोगिताओं और भारतीय क्रिकेट नियंत्रण बोर्ड के मैदानों में बल्लेबाज, गेंदबाज और अंपायर के लिए समान आधार देती है। दोनों सिरों पर तीन-तीन स्टंप लगे विकेट होते हैं, जबकि पॉपिंग क्रीज विकेट की केंद्र रेखा से 4 फीट यानी 1.22 मीटर आगे खींची जाती है। गेंदबाजी क्रीज की लंबाई 8 फीट 8 इंच यानी 2.64 मीटर है। क्रिकेट मैदान का कुल आकार निश्चित नहीं होता; पुरुषों के मैदान का व्यास सामान्यतः 137 से 150 मीटर और महिला क्रिकेट में लगभग 110 से 130 मीटर रहता है। सही माप के लिए पहले 22 गज की केंद्रीय रेखा नापें, फिर 10 फीट चौड़ाई और चारों क्रीज चिह्नित करें।

गलतफहमी यह है कि पूरी क्रिकेट पिच और पूरा क्रिकेट मैदान एक ही चीज हैं। ऐसा नहीं है। पिच खेल का 22 गज लंबा केंद्र है, जबकि मैदान उसके चारों ओर फैला बड़ा घास वाला क्षेत्र है। IPL समाचार पर पिच की लंबाई चौड़ाई समझते समय यह फर्क पकड़ना जरूरी है, वरना 450 फीट के मैदान को 22 गज की पिच समझने की गलती हो जाएगी।
क्रिकेट पिच के माप केवल सजावटी आंकड़े नहीं हैं। 20.12 मीटर की दूरी गेंदबाज को गति, उछाल और स्विंग के लिए निश्चित रन-अप क्षेत्र देती है; 3.05 मीटर की चौड़ाई बल्लेबाज के शॉट क्षेत्र और गेंद की वैध दिशा को नियंत्रित करती है। मैरीलेबोन क्रिकेट क्लब के नियम में पिच और क्रीज के मानक स्पष्ट किए गए हैं। इस लेख में 2025 से पहले के प्रचलित माप, 2026 में ध्यान देने योग्य बदलाव और मैदान तैयार करने का व्यावहारिक तरीका एक साथ दिया गया है।
अभी मूल माप और क्रीज का नक्शा देख लेना बेहतर रहेगा।
2025 से पहले क्रिकेट पिच की लंबाई-चौड़ाई कैसे तय थी?
2025 से पहले भी मानक क्रिकेट पिच की लंबाई 22 गज, चौड़ाई 10 फीट, गेंदबाजी क्रीज 8 फीट 8 इंच और पॉपिंग क्रीज विकेट से 4 फीट दूर थी। इन मापों में टेस्ट, एकदिवसीय और टी20 क्रिकेट के लिए कोई मूल अंतर नहीं था। अंतर मुख्यतः पिच की मिट्टी, घास, नमी और रखरखाव में आता था।
मानक पिच का क्षेत्रफल 220 वर्ग फीट, यानी लगभग 20.44 वर्ग मीटर होता है। यह गणना 22 गज को 66 फीट में बदलकर 66 × 10 फीट करने से मिलती है। पिच का केंद्र बिंदु दोनों विकेटों के बीच समान दूरी पर रहता है और प्रत्येक विकेट के बीच 22 गज का अंतर होता है। पुराने स्थानीय मैदानों में लोग कभी-कभी 22 गज को लगभग 20 मीटर कहते हैं, लेकिन आधिकारिक माप 20.12 मीटर है; छोटी प्रतियोगिताओं में यह अंतर अनदेखा करना बाद में विवाद खड़ा कर सकता है।
क्रीज की स्थिति भी उतनी ही जरूरी है। गेंदबाजी क्रीज विकेट के तीनों स्टंप के सामने खींची जाती है और इसकी लंबाई 8 फीट 8 इंच होती है। पॉपिंग क्रीज गेंदबाजी क्रीज के समानांतर, उससे 4 फीट आगे होती है और दोनों ओर इतनी बढ़ाई जाती है कि रन-आउट तथा स्टंपिंग का निर्णय साफ रहे। रिटर्न क्रीज गेंदबाज के वैध क्षेत्र को बताती है। क्रिकेट के नियमों की शुरुआती मार्गदर्शिका में क्रीज की भूमिका को अलग से समझा जा सकता है।
एक उपयोगी गणना याद रखें:
- पिच की लंबाई: 22 गज = 66 फीट = 20.12 मीटर
- पिच की चौड़ाई: 10 फीट = 3.05 मीटर
- पिच का क्षेत्रफल: 220 वर्ग फीट = लगभग 20.44 वर्ग मीटर
- विकेटों के बीच दूरी: 22 गज
- पॉपिंग क्रीज की विकेट से दूरी: 4 फीट = 1.22 मीटर
मैदान का व्यास पिच से अलग मापा जाता है। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद के खेल नियम मैदान की सीमा, बाउंड्री और खेलने योग्य क्षेत्र के लिए प्रतियोगिता-स्तरीय दिशा-निर्देश देते हैं। नियमों का व्यावहारिक सार यही है: पिच का माप स्थिर है, लेकिन बाउंड्री का आकार उपलब्ध मैदान और आयोजन की शर्तों के अनुसार बदल सकता है।

2026 में क्रिकेट पिच के माप में क्या बदला?
2026 में मानक क्रिकेट पिच की लंबाई और चौड़ाई में कोई मूल बदलाव नहीं हुआ; 22 गज और 10 फीट का माप अब भी आधार है। बदलाव पिच के आकार में नहीं, बल्कि निगरानी, तकनीक, प्रकाश व्यवस्था, सतह परीक्षण और प्रतियोगिता-विशेष मैदान निर्देशों में अधिक दिखाई देता है। इसलिए “नई पिच छोटी या बड़ी हो गई” जैसी बातें अक्सर भ्रम होती हैं।
आधुनिक मैदान प्रबंधन में मिट्टी की कठोरता, नमी, घास की ऊंचाई और रोलिंग के प्रभाव पर ध्यान दिया जाता है। टेस्ट क्रिकेट में पिच के टूटने और स्पिन बढ़ने का असर कई दिनों तक रहता है, जबकि टी20 में समान सतह पर तेज स्कोरिंग और पावरप्ले क्षेत्र अधिक महत्वपूर्ण हो जाते हैं। फिर भी दोनों प्रारूपों में क्रीज और विकेटों का मूल ज्यामितीय ढांचा नहीं बदलता। राष्ट्रीय खेल महासंघों की सुविधाओं संबंधी मार्गदर्शिका पढ़ते समय प्रतियोगिता के स्थानीय निर्देशों को मूल कानून से अलग समझना चाहिए।
2026 के लिए तीन व्यावहारिक बिंदु खास हैं:
- माप हमेशा अंदरूनी सफेद रेखा और विकेट के केंद्र से लिया जाए।
- बाउंड्री की दूरी पिच के माप से नहीं, मैदान की सीमा से निर्धारित की जाए।
- कृत्रिम टर्फ, स्कूल मैदान और पेशेवर टर्फ को एक ही सतह मानकर तुलना न की जाए।
यहां एक कम बताई जाने वाली बात है: पिच का 10 फीट चौड़ा होना पूरे तैयार खेल क्षेत्र की कुल चौड़ाई नहीं बताता। विकेट के दोनों ओर क्रीज, रिटर्न लाइन, सुरक्षा क्षेत्र और गेंदबाज का रन-अप अलग माने जाते हैं। दूसरी उपयोगी बात यह है कि 22 गज की दूरी स्टंप के पीछे की अतिरिक्त जगह को शामिल नहीं करती; विकेट के पीछे बैक-अप क्षेत्र अंपायर, विकेटकीपर और सुरक्षा व्यवस्था के लिए अलग छोड़ा जाता है। यही कारण है कि केवल रस्सी से 22 गज नापकर मैदान तैयार करना अधूरा काम है।
2026 के आयोजन मानकों और पिच प्रबंधन पर आगे की जानकारी के लिए यह संदर्भ उपयोगी है।
खिलाड़ियों के लिए क्रिकेट पिच की लंबाई-चौड़ाई से क्या बदलता है?
खिलाड़ियों के लिए 22 गज की पिच गेंद की यात्रा, प्रतिक्रिया समय और रन बनाने की रणनीति तय करती है। 140 किलोमीटर प्रति घंटा की गेंद लगभग आधे सेकंड से कम समय में बल्लेबाज तक पहुंच सकती है, इसलिए पिच की वास्तविक दूरी और सतह का उछाल दोनों महत्वपूर्ण होते हैं। 10 फीट की चौड़ाई बल्लेबाज को ऑफ स्टंप, लेग स्टंप और शरीर से दूर गेंदों पर निर्णय लेने का सीमित लेकिन स्पष्ट क्षेत्र देती है।
बल्लेबाज के लिए पॉपिंग क्रीज सबसे व्यावहारिक निशान है। क्रीज से आगे निकलकर शॉट खेलने पर स्टंपिंग का जोखिम बढ़ता है, जबकि पीछे रहने पर गेंद की लंबाई को पढ़ने का समय थोड़ा कम हो सकता है। गेंदबाज के लिए रिटर्न क्रीज पार करना नो-बॉल का कारण बन सकता है। यहां पिच की चौड़ाई का सीधा असर पड़ता है, क्योंकि गेंदबाजी क्रीज के किनारे से बाहर निकलने पर गेंदबाज का पैर वैध क्षेत्र में नहीं रहता।
गेंदबाजी और बल्लेबाजी रणनीति में ये अंतर देखिए:
- तेज गेंदबाज 20.12 मीटर की दूरी का उपयोग गति, सीम और उछाल के लिए करते हैं।
- स्पिन गेंदबाज सतह की पकड़, ड्रिफ्ट और टर्न पर अधिक निर्भर करते हैं।
- बल्लेबाज क्रीज का उपयोग गेंद की लंबाई बदलकर गेंदबाज की लाइन बिगाड़ने में कर सकता है।
- विकेटकीपर के पीछे उपलब्ध जगह छोटी होने पर बाय और लेग-बाय रोकने की स्थिति बदल सकती है।
मैदान की सीमा भी रणनीति बदलती है, लेकिन उसे पिच की चौड़ाई से जोड़ना गलत है। पुरुषों के बड़े मैदान का सामान्य व्यास करीब 137 से 150 मीटर और महिला क्रिकेट मैदान का करीब 110 से 130 मीटर बताया जाता है। ये सामान्य सीमाएं हैं, हर मैदान का अनिवार्य गोल आकार नहीं। क्रिकेट मैदान अंडाकार, लगभग गोल या अनियमित हो सकता है। बल्लेबाजी और गेंदबाजी रणनीति में पिच की सतह, सीमा और प्रारूप के बीच संबंध को और विस्तार से देखा जा सकता है।
एक और काम की सावधानी है: स्थानीय टूर्नामेंट में 22 गज की पिच पर 18 गज का रन-अप बना देना अक्सर स्वीकार्य हो सकता है, लेकिन विकेटों की दूरी घटाना मानक क्रिकेट नहीं रहता। जूनियर क्रिकेट में आयोजक आयु और सुरक्षा के अनुसार अलग माप घोषित कर सकते हैं; उसे वरिष्ठ क्रिकेट के 22 गज के नियम से मिलाना ठीक नहीं। IPL समाचार पर किसी मैच के स्कोर या स्ट्राइक रेट की समीक्षा करते समय पिच की लंबाई स्थिर और सतह की स्थिति बदलने वाली चीज समझें।

अब सही क्रिकेट पिच कैसे नापें और तैयार करें?
सही क्रिकेट पिच नापने के लिए पहले दोनों विकेटों की केंद्रीय रेखा तय करें, फिर 22 गज यानी 66 फीट की दूरी पर दूसरा केंद्र बिंदु बनाएं और दोनों ओर 5-5 फीट मापकर 10 फीट चौड़ाई चिह्नित करें। इसके बाद गेंदबाजी क्रीज, पॉपिंग क्रीज और रिटर्न क्रीज को समकोण पर खींचें। यह क्रम अपनाने से पिच टेढ़ी होने, विकेटों के असमान रहने और क्रीज की गलत दूरी जैसी आम त्रुटियां कम होती हैं।
मैदान तैयार करने की व्यावहारिक प्रक्रिया इस प्रकार रखें:
- कंपास, माप-फीता, रस्सी और चार मजबूत खूंटियों से केंद्रीय रेखा तय करें।
- 66 फीट दूरी पर दोनों विकेटों के केंद्र चिह्न लगाएं।
- दोनों केंद्रों को जोड़कर 10 फीट चौड़ाई का आयत बनाएं।
- प्रत्येक छोर पर 8 फीट 8 इंच की गेंदबाजी क्रीज खींचें।
- गेंदबाजी क्रीज से 4 फीट आगे पॉपिंग क्रीज लगाएं।
- रिटर्न क्रीज को गेंदबाजी क्रीज से समकोण पर दोनों ओर बढ़ाएं।
- स्टंप डालने से पहले दोनों विकेटों की ऊंचाई, दूरी और सीध जांचें।
स्टंप के तीन खंभों के बीच की दूरी भी महत्वपूर्ण है। विकेट की कुल चौड़ाई 9 इंच यानी 22.86 सेंटीमीटर होती है और तीनों स्टंप समान अंतर पर लगाए जाते हैं। बेल्स स्टंप के ऊपर स्थिर रहनी चाहिए, लेकिन गेंद लगने पर गिरने योग्य भी हों। क्रीज की रेखाएं केवल रंगीन सजावट नहीं हैं; वे रन-आउट, स्टंपिंग, नो-बॉल और बल्लेबाज के सुरक्षित क्षेत्र से जुड़े निर्णयों का आधार हैं।
सतह तैयार करते समय केवल लंबाई नापना पर्याप्त नहीं। मिट्टी को समतल करना, सही रोलिंग करना, पानी की मात्रा नियंत्रित रखना और घास की ऊंचाई देखना जरूरी है। कृत्रिम पिच में निर्माता की मोटाई और आधार परत के निर्देश अलग हो सकते हैं। क्रिकेट मैदान तैयार करने की उन्नत तकनीक में प्राकृतिक और कृत्रिम पिच के रखरखाव की तुलना मिलेगी। सबसे अच्छा व्यावहारिक नियम यही है: पहले ज्यामिति, फिर सतह, और अंत में क्रीज की दृश्य जांच।
माप पूरा होने पर क्रीज और विकेट की अंतिम जांच के लिए यह अगला कदम अपनाएं।
अगली तिमाही के लिए क्रिकेट पिच पर तीन अनुमान क्या हैं?
अगली तिमाही में क्रिकेट पिच का आधिकारिक 22 गज × 10 फीट माप बदलने की संभावना कम है, लेकिन मैदानों में सतह निगरानी, मौसम-आधारित तैयारी और प्रारूप के अनुसार क्यूरेशन अधिक सटीक हो सकती है। आयोजक पिच की नमी, घास और कठोरता का रिकॉर्ड रखेंगे, क्योंकि ये कारक खेल पर असर डालते हैं। यह अनुमान नियम बदलने पर नहीं, मौजूदा प्रबंधन प्रवृत्तियों पर आधारित है।
तीन संभावित दिशाएं ध्यान देने योग्य हैं:
- सतह का अधिक दस्तावेजीकरण: बड़े टूर्नामेंट पिच की तैयारी, रोलिंग और नमी के आंकड़े बेहतर ढंग से दर्ज कर सकते हैं।
- स्थानीय मौसम के अनुसार क्यूरेशन: भारत के मुंबई, चेन्नई और दिल्ली जैसे अलग मौसम वाले केंद्रों में समान 22 गज की पिच अलग खेल-व्यवहार दिखाएगी।
- जूनियर क्रिकेट में स्पष्ट दूरी-मानक: स्कूल और आयु-वर्ग प्रतियोगिताएं वरिष्ठ क्रिकेट से अलग पिच लंबाई घोषित कर सकती हैं, जिससे भ्रम घटेगा।
इन संभावनाओं का मतलब यह नहीं कि हर मैदान में पिच बदल जाएगी। मुंबई की नमी, चेन्नई की गर्मी और दिल्ली की सर्दी सतह को प्रभावित कर सकती हैं, जबकि पिच की मूल ज्यामिति वही रहती है। इसी कारण किसी मैच की समीक्षा में केवल स्कोर देखना कमजोर विश्लेषण है; पिच की गति, उछाल, सीमा की लंबाई और मौसम को भी साथ पढ़ना चाहिए। IPL समाचार की मैच समीक्षा और खिलाड़ी आंकड़ों में यही संदर्भ बल्लेबाजी तथा गेंदबाजी प्रदर्शन को अधिक सही ढंग से समझाता है।
अंतिम निष्कर्ष सीधा है: क्रिकेट पिच की लंबाई 22 गज, चौड़ाई 10 फीट, गेंदबाजी क्रीज 8 फीट 8 इंच और पॉपिंग क्रीज की दूरी 4 फीट रहती है। मैदान का व्यास अलग विषय है और सामान्यतः पुरुष क्रिकेट में 137 से 150 मीटर के आसपास हो सकता है। मापते समय पहले केंद्र रेखा, फिर विकेट, फिर क्रीज और अंत में बाउंड्री तय करें। उल्टा क्रम अपनाया तो गलती की गुंजाइश बेवजह बढ़ेगी।
पूरी क्रिकेट पिच माप-सूची सुरक्षित रखने के लिए यह संदर्भ देख सकते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
प्रश्न: क्रिकेट पिच की लंबाई कितनी होती है?
उत्तर: मानक क्रिकेट पिच की लंबाई 22 गज यानी 66 फीट या 20.12 मीटर होती है। यह दूरी दोनों विकेटों के केंद्र के बीच मापी जाती है और टेस्ट, एकदिवसीय तथा टी20 क्रिकेट में मूल रूप से समान रहती है। विकेट के पीछे का अतिरिक्त क्षेत्र इस 22 गज में शामिल नहीं होता। जूनियर या स्थानीय प्रतियोगिताओं में आयोजक अलग दूरी घोषित कर सकते हैं, इसलिए मैच से पहले प्रतियोगिता नियम देखना चाहिए।
प्रश्न: क्रिकेट पिच की चौड़ाई कितनी होती है?
उत्तर: क्रिकेट पिच की मानक चौड़ाई 10 फीट यानी 3.05 मीटर होती है। यह चौड़ाई दोनों किनारों के बीच मापी जाती है और पिच के खेलने योग्य आयताकार क्षेत्र को निर्धारित करती है। गेंदबाजी क्रीज, पॉपिंग क्रीज और रिटर्न क्रीज इसी क्षेत्र में सही कोण और दूरी पर बनाई जाती हैं। पिच की चौड़ाई को मैदान की कुल चौड़ाई या बाउंड्री के आकार से नहीं मिलाना चाहिए।
प्रश्न: क्रिकेट पिच की लंबाई और चौड़ाई कैसे नापें?
उत्तर: पहले दोनों विकेटों की केंद्रीय रेखा बनाकर 66 फीट की दूरी तय करें, फिर दोनों ओर 5-5 फीट मापकर 10 फीट चौड़ाई चिह्नित करें। इसके बाद 8 फीट 8 इंच की गेंदबाजी क्रीज और उससे 4 फीट आगे पॉपिंग क्रीज खींचें। माप-फीता, रस्सी, खूंटियां और समकोण जांचने का साधन उपयोगी रहते हैं। अंत में दोनों विकेटों की सीध और क्रीज की समानांतर स्थिति दोबारा जांचें।
प्रश्न: क्रिकेट पिच और क्रिकेट मैदान में क्या अंतर है?
उत्तर: क्रिकेट पिच 22 गज × 10 फीट का केंद्रीय आयताकार क्षेत्र है, जबकि क्रिकेट मैदान पिच के चारों ओर फैला पूरा खेल क्षेत्र है। मैदान का कोई एक अनिवार्य आकार नहीं होता और वह अंडाकार, गोल या अनियमित हो सकता है। पुरुष क्रिकेट में मैदान का सामान्य व्यास लगभग 137 से 150 मीटर और महिला क्रिकेट में लगभग 110 से 130 मीटर बताया जाता है। बाउंड्री की वास्तविक दूरी मैदान और प्रतियोगिता की शर्तों पर निर्भर करती है।
प्रश्न: क्या टी20 और टेस्ट क्रिकेट की पिच का माप अलग होता है?
उत्तर: नहीं, टी20 और टेस्ट क्रिकेट में मानक पिच की लंबाई 22 गज और चौड़ाई 10 फीट ही रहती है। अंतर पिच की तैयारी, घास, नमी, रोलिंग और मैच की अवधि में आता है। टेस्ट में सतह कई दिनों तक बदल सकती है, जबकि टी20 में बल्लेबाजी की गति और पावरप्ले रणनीति अधिक प्रमुख रहती है। जूनियर क्रिकेट या विशेष स्थानीय नियमों को अंतरराष्ट्रीय मानक से अलग समझना चाहिए।
प्रश्न: पॉपिंग क्रीज और गेंदबाजी क्रीज में क्या अंतर है?
उत्तर: गेंदबाजी क्रीज विकेट के सामने 8 फीट 8 इंच लंबी रेखा होती है, जबकि पॉपिंग क्रीज उससे 4 फीट आगे खींची जाती है। गेंदबाज का पैर गेंदबाजी क्रीज और रिटर्न क्रीज के नियमों के भीतर रहना चाहिए, वरना नो-बॉल हो सकती है। पॉपिंग क्रीज बल्लेबाज के सुरक्षित क्षेत्र और स्टंपिंग या रन-आउट निर्णय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। दोनों रेखाएं एक-दूसरे के समानांतर होनी चाहिए।
प्रश्न: क्रिकेट पिच बनाने में कितना खर्च आता है?
उत्तर: क्रिकेट पिच की लागत सतह के प्रकार, जमीन, जल निकासी, घास, रोलर और रखरखाव उपकरण के अनुसार बदलती है, इसलिए केवल 22 गज के माप से कीमत तय नहीं होती। प्राकृतिक टर्फ में मिट्टी, घास और नियमित देखभाल का खर्च जुड़ता है, जबकि कृत्रिम टर्फ में आधार और स्थापना लागत प्रमुख होती है। स्कूल मैदान और पेशेवर स्टेडियम के बजट में बड़ा अंतर रहेगा। सही अनुमान के लिए स्थानीय ठेकेदार से क्षेत्रफल, जल निकासी और रखरखाव सहित लिखित लागत मांगें।
पढ़ने के लिए धन्यवाद।
उन लोगों के लिए जो केवल रोमांच के लिए नहीं खेलते।
IPL समाचार · The High-Stakes Editorial · No. 01